Connect with us

Breaking News

Goa Nightclub Fire: ‘Birch by Romeo Lane’ में 25 लोगों की मौत—बार-बार मिली चेतावनी, फिर भी नहीं रुकी लापरवाही

अर्पोरा गांव के इस नाइटक्लब को कई बार नोटिस मिला था, निर्माण को अवैध बताया गया था, लेकिन कार्रवाई रुकी रही—अब जिम्मेदारी पर उठ रहे बड़े सवाल।

Published

on

Goa Nightclub Fire: Illegal Construction, Missed Action & 25 Deaths | Full Report
गोवा के 'Birch by Romeo Lane' नाइटक्लब में लगी भयावह आग—25 लोगों की मौत, लापरवाही पर उठे सवाल।

गोवा के अर्पोरा गांव में स्थित ‘Birch by Romeo Lane’ नाइटक्लब में शनिवार देर रात लगी भीषण आग ने 25 लोगों की जान ले ली। मरने वालों में 4 पर्यटक और 21 स्टाफ सदस्य शामिल थे। हादसे के बाद यह बड़ा सवाल उठ रहा है कि एक ऐसा क्लब, जिस पर कई बार शिकायतें हुईं, जिसे अवैध निर्माण मानकर डिमोलिशन नोटिस मिला, वह आखिर बिना परमिशन के वर्षों तक कैसे चलता रहा?

बिना लाइसेंस चल रहा था क्लब, FIR में दर्ज गंभीर आरोप

रविवार को पुलिस ने क्लब के चेयरमैन सौरभ लूथरा, उनके पार्टनर्स, मैनेजर्स और इवेंट ऑर्गेनाइजर्स पर FIR दर्ज की।
FIR में साफ लिखा है कि क्लब बिना आवश्यक लाइसेंस और परमिशन के चलाया जा रहा था।

अर्पोरा-नागोआ पंचायत के सरपंच रोशन रेडकर ने भी बड़ा दावा किया—

“यह संरचना बिना कंस्ट्रक्शन लाइसेंस के बनाई गई थी। जांच के बाद हमने डिमोलिशन नोटिस जारी किया था, लेकिन अपील पर नोटिस पर स्टे मिल गया।”

रविवार शाम पुलिस ने रेडकर से पूछताछ भी की और फिर उन्हें छोड़ दिया।


2023 की शिकायत: ‘अस्थिर संरचना कभी भी गिर सकती है’

दिसंबर 2023 में प्रदीप अमोनकर और सुनील दिवकर ने पंचायत में शिकायत दर्ज कराई थी कि इस क्षेत्र में सॉल्ट पैन (अत्यंत संवेदनशील इको-ज़ोन) पर अवैध तरीके से क्लब बनाया जा रहा है।

शिकायत में साफ चेतावनी दी गई थी:

  • क्लब पानी में डूबे अस्थिर ढांचे पर बना है
  • कभी भी गिर सकता है
  • “किसी बड़े हादसे की आशंका” जताई गई थी

दुर्भाग्य से वही हुआ, जिसकी वर्षों से आशंका जताई जा रही थी।

goa night club fire birch 1 9 2025 12 af5411eeeae5395128fd099adcd5bf60

अवैध निर्माण पर 2024 में डिमोलिशन नोटिस, लेकिन कार्रवाई रुकी

अप्रैल 2024 में पंचायत ने जांच कर क्लब की संरचना को अवैध पाया और कड़ी कार्रवाई करते हुए आदेश दिया:

  • 15 दिनों में सभी अवैध निर्माण हटाए जाएं
  • दुकानों, रेस्तरां और प्लेटफॉर्म तक को तोड़ने का निर्देश

लेकिन प्रॉपर्टी मालिक सुरिंदर कुमार खोसला ने अपील की, और डेप्युटी डायरेक्टर ऑफ पंचायत ने डिमोलिशन पर स्टे लगा दिया—यहीं से क्लब को फिर ‘ग्रीन सिग्नल’ मिल गया।


MLA ने विधानसभा में उठाया था मुद्दा—फिर भी कार्रवाई नहीं

मुरगांव के BJP विधायक संकल्प अमोनकर ने अगस्त 2025 में गोवा विधानसभा में यह मुद्दा उठाया था। उन्होंने कहा था:

  • क्षेत्र में “बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण” हो रहा है
  • पनबाड़ी और सॉल्ट पैन जैसे इको-ज़ोन में जमीन भरी जा रही है
  • डिमोलिशन नोटिस के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई

उनकी चेतावनी भी प्रशासनिक फाइलों में दबकर रह गई।


हादसे के बाद सख्त हुई सरकार, तीन अधिकारी सस्पेंड

रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने कहा कि दोषी अधिकारियों पर कार्रवाई होगी।

कुछ ही देर में सरकार ने तीन अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया:

  1. सिद्धि तुषार हारलांकर – पूर्व डायरेक्टर/एडिशनल डायरेक्टर, पंचायत
  2. डॉ. शमीला मोन्टेइरो – पूर्व मेंबर सेक्रेटरी, गोवा स्टेट पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड
  3. रेघुवीर डी. बगकर – पूर्व सचिव, पंचायत अर्पोरा-नागोआ

CM सावंत ने बताया कि अब राजस्व सचिव को राज्यभर के क्लबों व कमर्शियल प्रतिष्ठानों का ऑडिट करने का जिम्मा दिया गया है।


25 मौतें, कई सवाल—क्या रोकी जा सकती थी यह त्रासदी?

विशेषज्ञों का मानना है कि:

  • अवैध संरचना,
  • संवेदनशील इको-ज़ोन में निर्माण,
  • फायर सुरक्षा की कमी,
  • और बार-बार मिली चेतावनी के बावजूद लापरवाही

इस हादसे को आमंत्रण देने का कारण बनीं।

स्थानीय निवासियों का भी कहना है कि अगर प्रशासन समय रहते कार्रवाई करता, तो आज 25 लोग अपनी जान नहीं गंवाते।

और पढ़ें DAINIK DIARY