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Stock Market

Sensex में 800 अंकों की बड़ी गिरावट! Nifty भी 25,900 के पास फिसला—US Fed मीटिंग से पहले निवेशकों में घबराहट क्यों?

स्मॉलकैप-मिडकैप शेयरों में भारी प्रॉफिट बुकिंग, कमजोर होती रुपये की कीमत, बढ़ता क्रूड और लगातार FII बिकवाली—जानें बाजार में अचानक आई तेज गिरावट की 6 बड़ी वजहें।

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Sensex Falls 800 Points, Nifty Near 25,900 | Market Decline Before Fed Meeting | Dainik Diary
Sensex 800 अंक टूटा, Nifty 25,900 के पास—स्मॉल-मिडकैप में बड़ी मुनाफावसूली।

सोमवार को शेयर बाजार ने कमजोर शुरुआत के बाद भारी गिरावट दिखाई। Sensex 800 अंक से अधिक टूटा, जबकि Nifty 26,000 से नीचे फिसलकर 25,917.40 पर आ गया।
स्मॉलकैप और मिडकैप शेयरों में जबरदस्त प्रॉफिट बुकिंग देखी गई और कई स्टॉक्स 5–10% तक लुढ़क गए।

दोपहर 1:35 बजे के आसपास:

  • Sensex: 84,909.45 (-802 अंक)
  • Nifty: 25,917.40 (-269 अंक)

Nifty50 में InterGlobe Aviation, Bharat Electronics और ETERNAL शीर्ष लूज़र्स रहे, जबकि HDFC Life और Tech Mahindra मामूली बढ़त में दिखे।

बाजार क्यों गिरा? जानिए 6 बड़े कारण


US Fed मीटिंग से पहले सतर्कता

निवेशकों में सबसे बड़ी चिंता US Federal Reserve की दो दिवसीय मीटिंग को लेकर है, जो 9 दिसंबर से शुरू हो रही है।
विशेषज्ञ देवर्ष वक़ील के मुताबिक:
“निवेशक FOMC मीटिंग, महंगाई के नए आंकड़ों और साल के अंत की पोर्टफोलियो एडजस्टमेंट के कारण सतर्क हैं।”

ऑस्ट्रेलिया, ब्राज़ील, कनाडा और स्विट्जरलैंड के सेंट्रल बैंक भी इस सप्ताह मीटिंग करेंगे।


स्मॉलकैप-मिडकैप शेयरों में भारी प्रॉफिट बुकिंग

स्मॉलकैप और मिडकैप इंडेक्स में कई दिनों से तेज उछाल चल रहा था, लेकिन सोमवार को इन शेयरों में तेजी से मुनाफावसूली देखी गई।

  • Nifty Smallcap100: 2% से अधिक गिरा
  • Nifty Midcap100: करीब 2% फिसला

विशेषज्ञ अजीत मिश्रा ने कहा:
“गिरावट का दबाव पहले स्मॉल-मिडकैप पर था, अब यह बड़े शेयरों तक फैल रहा है।”


FII की लगातार बिकवाली

विदेशी निवेशकों ने लगातार सातवें दिन भारतीय बाजार में बिकवाली की और शुक्रवार को लगभग 439 करोड़ के शेयर बेचे।
FII आउटफ्लो हमेशा बाजार की धारणा (sentiment) को कमजोर करता है।

निवेश विशेषज्ञ सिद्धार्थ मौर्य के अनुसार:
“वैश्विक अनिश्चितता, रेट कट को लेकर भ्रम और एशियाई बाजारों की कमजोरी ने गिरावट बढ़ाई है।”

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रुपये में कमजोरी—डॉलर के मुकाबले ₹90.11 पर फिसला

डॉलर मजबूत हुआ और रुपये ने 16 पैसे कमजोर होकर 90.11 का स्तर छू लिया।
कमजोर रुपया—

  • आयात महंगा करता है
  • कंपनियों की लागत बढ़ाता है
  • FII निवेश को कम आकर्षक बनाता है

कच्चे तेल की कीमतों में उछाल

Brent Crude 0.13% बढ़कर $63.83 प्रति बैरल पर पहुंच गया।
ऊंचा क्रूड भारत के लिए सबसे बड़ी चिंता है क्योंकि—

  • आयात बिल बढ़ता है
  • महंगाई दबाव बढ़ता है
  • बाजार की धारणा नकारात्मक होती है

India VIX में बढ़ोतरी—बाजार में डर बढ़ा

India VIX 2.11% बढ़कर 10.53 पर पहुंचा।
VIX बढ़ने का मतलब है—

  • निवेशकों में डर बढ़ रहा है
  • बाजार में उतार-चढ़ाव और तेजी से बढ़ेगा
  • ट्रेडर्स पोर्टफोलियो का जोखिम घटाते हैं

तकनीकी विश्लेषण: अब Nifty कहाँ रुक सकता है?

HDFC Securities के अनुसार—

  • Resistance: 26,300 → 26,500
  • Support: 25,950 → 26,000

अगर Nifty 25,950 के नीचे जाता है, तो गिरावट और गहरी हो सकती है।