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“रावलपिंडी में पाकिस्तान की बल्ले-बल्ले”: Shan Masood की कप्तानी पारी से South Africa पर कसा शिकंजा
रावलपिंडी टेस्ट के पहले दिन Pakistan ने लचर फील्डिंग का पूरा फायदा उठाकर बनाए 259/5 रन; कप्तान शान मसूद 87 पर और अब्दुल्ला शफीक 57 रन बनाकर चमके।
रावलपिंडी: पाकिस्तान ने दूसरे और अंतिम टेस्ट मैच के पहले दिन मेज़बान पिच पर शानदार बल्लेबाज़ी करते हुए 259/5 रन बनाए। दक्षिण अफ्रीका की कमजोर फील्डिंग ने मेहमान टीम का खेल पूरी तरह बिगाड़ दिया। पाँच आसान कैच छूटे, जिनका फायदा पाकिस्तान ने भरपूर उठाया।
कप्तान Shan Masood ने 87 रन की दमदार पारी खेली और लगातार फॉर्म में चल रहे Abdullah Shafique ने 57 रन जोड़े। दोनों के बीच दूसरे विकेट के लिए 111 रनों की साझेदारी हुई, जिसने पाकिस्तान को मजबूत स्थिति में पहुँचा दिया।
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शान मसूद को Keshav Maharaj की गेंद पर 71 रन पर जीवनदान मिला, जब उनका कैच छूट गया। इसी लापरवाही ने मेहमान टीम की लय तोड़ दी। मसूद ने अपनी पारी में दो चौके और तीन छक्के लगाए, लेकिन आखिरकार एक ऊँचा स्वीप खेलते हुए Marco Jansen को कैच दे बैठे।
कैच का क़हर, रबाडा का संघर्ष
दक्षिण अफ्रीकी गेंदबाज़ Kagiso Rabada ने अंत में नई गेंद से थोड़ी राहत दी, जब उन्होंने Mohammad Rizwan (19) को LBW किया।
वहीं स्पिनर Keshav Maharaj ने 2/63 और उनके साथी Simon Harmer ने 2/75 के आंकड़े दर्ज किए। लेकिन कई मौके गंवाने के कारण दक्षिण अफ्रीका को बड़ा झटका लगा।
Senuran Muthusamy, जिन्होंने पहले टेस्ट में 11 विकेट लिए थे, उन्हें इस बार हैरान करने वाला निर्णय लेते हुए सिर्फ चार ओवर ही दिए गए।
बाबर आज़म पर बढ़ा दबाव
टीम के स्टार बल्लेबाज़ Babar Azam का खराब फॉर्म जारी रहा। घरेलू दर्शकों की उम्मीदों के बावजूद वे सिर्फ 16 रन बनाकर आउट हो गए। यह उनका लगातार 29वां टेस्ट है जिसमें वह शतक नहीं बना सके हैं।
उनका कैच Tony de Zorzi ने बेहतरीन तरीके से पकड़ा और यह Keshav Maharaj की पहली सफलता रही।
असिफ़ अफरीदी का ऐतिहासिक डेब्यू
इस टेस्ट में पाकिस्तान ने तेज़ गेंदबाज़ Hasan Ali को बाहर कर तीसरे स्पिनर Asif Afridi को शामिल किया।
38 साल 299 दिन की उम्र में असिफ़ पाकिस्तान के दूसरे सबसे उम्रदराज़ टेस्ट डेब्यू खिलाड़ी बने — पहले स्थान पर हैं Miran Bakhsh, जिन्होंने 1955 में भारत के खिलाफ 47 साल 284 दिन की उम्र में पदार्पण किया था।
दिन का अंत और आगे की रणनीति
दिन का खेल समाप्त होने तक Saud Shakeel (42*) और Salman Agha (10*) क्रीज़ पर डटे रहे। पाकिस्तान की नज़रें अब 2-0 की सीरीज़ जीत पर हैं, जबकि दक्षिण अफ्रीका को वापसी करने के लिए चमत्कार की ज़रूरत है।
दर्शकों के लिए यह दिन रोमांचक रहा — जहाँ एक ओर पाकिस्तान ने ठोस बल्लेबाज़ी की, वहीं दक्षिण अफ्रीका ने मौकों का गँवाना जारी रखा। क्रिकेट विश्लेषक मान रहे हैं कि अगर मेहमान टीम को यह टेस्ट बचाना है, तो उन्हें अगले दिन शुरुआती सेशन में तेज़ी से विकेट लेने होंगे।
