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वर्ल्ड कप से पहले हारमनप्रीत कौर का बड़ा इम्तिहान क्या घर में इतिहास रचेगी टीम इंडिया
पूर्व कप्तान अंजुम चोपड़ा ने कहा हारमनप्रीत कौर बेहतरीन फॉर्म और मानसिक स्थिति में, पहली बार वनडे वर्ल्ड कप में करेंगी कप्तानी
महिला वनडे वर्ल्ड कप 2025 की उलटी गिनती शुरू हो चुकी है और पूरा देश भारतीय कप्तान हारमनप्रीत कौर की ओर उम्मीद भरी नज़रों से देख रहा है। यह पहला मौका है जब वह 50 ओवर वर्ल्ड कप में कप्तानी करेंगी। ऐसे में उनकी रणनीति और बल्लेबाजी दोनों ही टीम इंडिया की ख्वाहिशों को पूरा करने में अहम भूमिका निभाएंगे।
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हारमनप्रीत पर दिग्गजों की राय
टीम की पूर्व कप्तान अंजुम चोपड़ा का मानना है कि हारमनप्रीत इस वक्त अपने करियर की सबसे अच्छी मानसिक स्थिति में हैं। उन्होंने कहा –
“हारमनप्रीत ने पिछले आठ-नौ महीनों में बतौर कप्तान और बल्लेबाज बेहतरीन प्रदर्शन किया है। यह उनका आखिरी वनडे वर्ल्ड कप हो सकता है, ऐसे में वह अतिरिक्त ऊर्जा के साथ मैदान पर उतरेंगी।”
अंजुम ने यह भी कहा कि जैसे पुरुष क्रिकेट में महेंद्र सिंह धोनी और रोहित शर्मा ने घरेलू वर्ल्ड कप जीतकर अपनी छाप छोड़ी, वैसी ही उम्मीद अब हारमनप्रीत से भी की जा रही है।
टीम का टॉप ऑर्डर
इस बार चयनकर्ताओं ने शेफाली वर्मा की जगह युवा प्रतिभा प्रतिका रावल पर भरोसा जताया है। उनके साथ स्मृति मंधाना भारतीय पारी की शुरुआत करेंगी। अंजुम चोपड़ा के अनुसार –
“टीम इंडिया का लक्ष्य शुरुआती 10 ओवरों में विकेट बचाने और साथ ही रनरेट बनाए रखने का होना चाहिए। अगर भारत 300+ का स्कोर खड़ा करता है तो गेंदबाज़ी विभाग उसे बचा सकता है।”

गेंदबाज़ी को मजबूती
तेज़ गेंदबाज़ रेणुका सिंह ठाकुर की वापसी टीम के लिए बड़ा बूस्ट है। हाल के महीनों में चोट से जूझने के बाद उनकी वापसी से गेंदबाज़ी आक्रमण और संतुलित हो गया है। वहीं स्पिन विभाग में स्नेह राणा, राधा यादव और दीप्ति शर्मा पहले से ही टीम की ताकत बने हुए हैं।
अमनजोत कौर की अहमियत
ऑलराउंडर अमनजोत कौर को लेकर अंजुम का कहना है कि उन्हें हर हाल में प्लेइंग-11 का हिस्सा होना चाहिए। उनकी बल्लेबाजी, गेंदबाजी और फील्डिंग तीनों में भूमिका टीम के संतुलन के लिए ज़रूरी है। हालांकि इंग्लैंड दौरे पर उनकी चोट चिंता का विषय रही थी।
विकेटकीपिंग की चुनौती
यास्तिका भाटिया के चोटिल होने के कारण टीम में उमा चेत्री को शामिल किया गया है। हालांकि उनका अनुभव सीमित है, लेकिन अंजुम का मानना है कि वह निचले क्रम में योगदान देकर संतुलन बनाए रख सकती हैं।
भारतीय उम्मीदें
भारत अब तक महिला वनडे वर्ल्ड कप जीतने का सपना पूरा नहीं कर पाया है। ऐसे में घरेलू धरती पर होने वाला यह टूर्नामेंट खास महत्व रखता है। हारमनप्रीत कौर के नेतृत्व में टीम इंडिया के पास इतिहास रचने का मौका है।
निष्कर्ष
2025 महिला वनडे वर्ल्ड कप न केवल हारमनप्रीत कौर के करियर बल्कि भारतीय महिला क्रिकेट के इतिहास को भी नई दिशा दे सकता है। अब देखना होगा कि क्या यह टीम घरेलू सरजमीं पर खिताब जीतकर करोड़ों भारतीयों का सपना पूरा कर पाती है।

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