Gold
Gold-Silver Price Crash: एशियाई मार्केट में हड़कंप, जापान से अमेरिका तक गिरावट… अब सोना-चांदी में क्यों आया भूचाल?
जापान के SoftBank में 10% से ज्यादा की गिरावट, निक्केई ओपनिंग पर 2% टूटा; वॉल स्ट्रीट के AI स्टॉक्स की तगड़ी गिरावट से ग्लोबल सेंटीमेंट डगमगाया, कीमती धातुओं में अचानक उथल-पुथल
एशिया से लेकर अमेरिका तक मार्केट में शुक्रवार को जबरदस्त हलचल देखी गई। जापान, चीन, दक्षिण कोरिया और हांगकांग के बाज़ारों में भारी गिरावट का असर भारत पर भी साफ दिखाई दिया। ग्लोबल सेंटीमेंट इतना कमजोर हुआ कि सोने-चांदी जैसी सेफ-हेवन एसेट्स में अचानक तेज उछाल और फिर उतार-चढ़ाव ने निवेशकों की धड़कन बढ़ा दी।
जापान से शुरू हुआ झटका: SoftBank 10% से ज्यादा टूट गया
जापान के स्टॉक मार्केट में दिन की शुरुआत ही बुरी रही। दुनिया की दिग्गज टेक कंपनी SoftBank के शेयर में 10% से ज्यादा की भारी गिरावट आई।
इसके साथ ही जापान का प्रमुख इंडेक्स Nikkei 225 ओपनिंग पर ही 2% से नीचे फिसल गया।
जापानी बाज़ार की यह स्थिति इसलिए भी चौंकाने वाली मानी जा रही है क्योंकि पिछले कुछ हफ्तों से यहां स्थिरता बनी हुई थी। लेकिन वैश्विक टेक स्टॉक्स पर दबाव बढ़ते ही इसका सबसे बड़ा असर एशिया पर दिखा।
और भी पढ़ें : Nishaanchi फेम ऐश्वर्य ठाकरे की धमाकेदार वापसी—अली अब्बास जफर की अगली एक्शन–रोमांस फिल्म में बने विलन, अहान पांडे से होगी ज़बरदस्त भिड़ंत
वॉल स्ट्रीट में ‘AI Panic’ का असर
अमेरिकी मार्केट में गुरुवार को AI स्टॉक्स में जमकर बिकवाली हुई। कई बड़े AI-आधारित कंपनियों के शेयर 7–12% तक टूटे।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह गिरावट सिर्फ घाटे या नतीजों से जुड़ी नहीं, बल्कि निवेशकों के बीच ओवरवैल्यूएशन को लेकर बढ़ते डर का संकेत है।
Nasdaq में टेक स्टॉक्स की भारी गिरावट का सीधा असर एशिया के शुक्रवार के मार्केट पर दिखाई दिया।
ग्लोबल सेंटीमेंट डगमगाया… और सोना-चांदी में आया भूचाल
जब भी शेयर बाजार लड़खड़ाते हैं, निवेशक सेफ-हेवन एसेट्स की तलाश करते हैं—और सोना-चांदी हमेशा से पहली पसंद रहे हैं।
लेकिन इस बार कुछ अलग हुआ:
- शुरुआती सत्र में सोना 800 तक उछला,
- फिर भारी मुनाफावसूली के बाद 400 गिर गया,
- चांदी भी इसी पैटर्न में ऊपर-नीचे होती रही।
दुनिया के बड़े बाज़ारों में अचानक से आई तकनीकी गिरावट ने कीमती धातुओं में भी अनिश्चितता बढ़ा दी है।

भारतीय मार्केट पर भी असर दिखा
भारत का BSE Sensex और Nifty 50 सुबह से ही दबाव में रहे।
आईटी और बैंकिंग सेक्टर में गिरावट साफ दिखी, जबकि मेटल और फार्मा सेक्टर में हल्की रिकवरी देखी गई।
विशेषज्ञ क्या कहते हैं?
मार्केट विशेषज्ञों का कहना है कि यह गिरावट ‘करेक्शन फेज’ का हिस्सा है।
टेक स्टॉक्स में ओवरबॉट स्थिति, geopolitical tensions और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में अस्थिरता—इन तीनों ने मिलकर ग्लोबल मार्केट को हिला दिया है।
एक वरिष्ठ अर्थशास्त्री ने बताया:
“जब तक अमेरिकी टेक सेगमेंट स्थिर नहीं होता, एशिया और यूरोप में अस्थिरता बनी रहेगी। सोने-चांदी की कीमतों में अभी और उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।”
आगे क्या?
- AI स्टॉक्स का दबाव बना रहा तो एशियाई मार्केट में कमजोरी जारी रह सकती है।
- सोना 62,000–63,000 और चांदी 75,000–78,000 के बीच घूम सकती है।
- निवेशकों के लिए यह समय सतर्क रहने का है, न कि पैनिक सेलिंग का।
