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Air India का बड़ा दांव: कर्मचारियों को मिलेगा Performance-Based Stock Option, कंपनी ने शुरू की नई योजना
टाटा ग्रुप की एयरलाइन अब कर्मचारियों को शेयर देकर बढ़ाएगी मोटिवेशन, 1 से 5 साल तक का वेस्टिंग पीरियड
देश की प्रमुख एयरलाइन Air India ने अपने कर्मचारियों को प्रोत्साहित करने और कंपनी के साथ लंबे समय तक जोड़कर रखने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। कंपनी अब Performance-Linked Stock Option Plan (PSOP) 2026 लागू करने जा रही है, जिसके तहत कर्मचारियों को उनके प्रदर्शन के आधार पर शेयर दिए जाएंगे।
यह योजना फरवरी 13 को हुई एक्स्ट्राऑर्डिनरी जनरल मीटिंग में मंजूर की गई थी। इसका मुख्य उद्देश्य कर्मचारियों की मेहनत को सीधे कंपनी की ग्रोथ और मुनाफे से जोड़ना है। इस योजना के तहत पायलट, इंजीनियर और सीनियर मैनेजमेंट जैसे पात्र कर्मचारियों को स्टॉक ऑप्शन दिए जाएंगे, जिन्हें वे बाद में तय कीमत पर खरीद सकेंगे।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी करीब 227.1 मिलियन स्टॉक ऑप्शन जारी करेगी, जो उसके कुल शेयर कैपिटल का लगभग 0.25% है। यह कदम खासतौर पर तब उठाया गया है जब एयर इंडिया, Tata Group के अधिग्रहण के बाद खुद को एक मजबूत और लाभकारी कंपनी बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है।
इस योजना की खास बात यह है कि कर्मचारियों को मिलने वाले शेयर पूरी तरह उनके प्रदर्शन पर निर्भर करेंगे। अगर कंपनी अपने तय लक्ष्य का 85% से कम हासिल करती है, तो कर्मचारियों को केवल आधे शेयर ही मिलेंगे। इससे कर्मचारियों में बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा बढ़ेगी।
वेस्टिंग पीरियड 1 से 5 साल के बीच रखा गया है, यानी कर्मचारियों को इन शेयरों का पूरा लाभ पाने के लिए कंपनी के साथ लंबे समय तक जुड़े रहना होगा। इसके अलावा, किस कर्मचारी को कितने शेयर मिलेंगे और उनकी कीमत क्या होगी—यह निर्णय कंपनी की नॉमिनेशन और रेम्युनरेशन कमेटी करेगी।
इस योजना में Singapore Airlines को भी अपने हिस्सेदारी (25.10%) को बनाए रखने के लिए अतिरिक्त शेयर खरीदने का अधिकार दिया गया है।
गौरतलब है कि भारत की अन्य एयरलाइंस जैसे IndiGo, SpiceJet और Akasa Air पहले से ही इस तरह की ESOP योजनाएं लागू कर चुकी हैं।
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यह पूरा कदम ऐसे समय पर सामने आया है जब एयर इंडिया नेतृत्व में बदलाव के दौर से गुजर रही है। कंपनी के सीईओ Campbell Wilson ने हाल ही में इस्तीफा दे दिया है, हालांकि वे नए सीईओ की नियुक्ति तक अपने पद पर बने रहेंगे।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह योजना न सिर्फ कर्मचारियों को कंपनी के साथ जोड़कर रखेगी, बल्कि उन्हें कंपनी की सफलता का भागीदार भी बनाएगी। इससे एयर इंडिया की कार्यक्षमता और प्रतिस्पर्धा दोनों में सुधार देखने को मिल सकता है।
