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अहमदाबाद में चमके Rahmanullah Gurbazतो Virat Kohli ने किया खास सम्मान गिफ्ट में दिए अपने बल्ले
Afghanistan के युवा स्टार Rahmanullah Gurbaz की पारी से प्रभावित हुए Virat Kohli, मैच के बाद दिया यादगार तोहफा
क्रिकेट सिर्फ रन और रिकॉर्ड का खेल नहीं है, यह सम्मान और खेलभावना का भी नाम है। अहमदाबाद में खेले गए मुकाबले के बाद एक ऐसा ही खूबसूरत नज़ारा देखने को मिला, जब रहमानुल्लाह गुरबाज़ की शानदार बल्लेबाज़ी ने न सिर्फ दर्शकों का दिल जीता, बल्कि विराट कोहली का भी सम्मान हासिल कर लिया।
मैच के दौरान गुरबाज़ ने आत्मविश्वास और आक्रामक अंदाज़ में बल्लेबाज़ी की। उनके शॉट्स में वही निडरता थी, जो बड़े मंच पर खेलने वाले बल्लेबाज़ों में दिखाई देती है। खासकर अहमदाबाद के बड़े मैदान पर जिस तरह उन्होंने भारतीय गेंदबाज़ों का सामना किया, उसने क्रिकेट प्रेमियों को प्रभावित कर दिया।
कोहली का बड़ा दिल
मैच खत्म होने के बाद जो तस्वीर सामने आई, वह खेल भावना की मिसाल बन गई। विराट कोहली ने गुरबाज़ को अपने साइन किए हुए बल्ले गिफ्ट किए।
सूत्रों के मुताबिक, कोहली ने गुरबाज़ से बातचीत भी की और उनके खेल की तारीफ की। यह सिर्फ एक तोहफा नहीं था, बल्कि एक सीनियर खिलाड़ी की ओर से जूनियर के लिए प्रेरणा का संदेश था।
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क्रिकेट के जानकारों का मानना है कि ऐसे पल युवा खिलाड़ियों के करियर में बड़ी भूमिका निभाते हैं।
गुरबाज़ का उभरता सितारा
अफगानिस्तान क्रिकेट ने पिछले कुछ वर्षों में तेजी से प्रगति की है। Afghanistan National Cricket Team के युवा बल्लेबाज़ गुरबाज़ को टीम का भविष्य माना जाता है।
उनकी आक्रामक बल्लेबाज़ी शैली और आत्मविश्वास उन्हें खास बनाता है। टी20 क्रिकेट में तो वह पहले ही अपनी छाप छोड़ चुके हैं।
अहमदाबाद में उनका प्रदर्शन यह संकेत देता है कि वह बड़े मैचों के खिलाड़ी बनने की राह पर हैं।

खेल भावना की मिसाल
विराट कोहली पहले भी कई मौकों पर विरोधी टीम के खिलाड़ियों को सम्मान देते नजर आए हैं। चाहे वह पाकिस्तान के बल्लेबाज़ों से बातचीत हो या युवा भारतीय खिलाड़ियों को मार्गदर्शन — कोहली का यह अंदाज़ उन्हें सिर्फ एक महान बल्लेबाज़ ही नहीं, बल्कि एक प्रेरणादायक व्यक्तित्व भी बनाता है।
गुरबाज़ को बल्ला गिफ्ट करना इसी कड़ी का हिस्सा है।
अहमदाबाद की यादगार शाम
अहमदाबाद का मैदान पहले भी कई ऐतिहासिक पलों का गवाह रहा है। इस बार यह पल रन या रिकॉर्ड से नहीं, बल्कि सम्मान और खेल भावना से जुड़ा था।
मैदान पर मुकाबला भले ही कड़ा रहा हो, लेकिन मैच के बाद दोनों खिलाड़ियों के बीच जो सम्मान दिखा, उसने क्रिकेट की असली खूबसूरती को उजागर कर दिया।
निष्कर्ष
रहमानुल्लाह गुरबाज़ की पारी और विराट कोहली का सम्मान — यह कहानी बताती है कि क्रिकेट सिर्फ प्रतिस्पर्धा नहीं, बल्कि प्रेरणा का मंच भी है।
युवा खिलाड़ियों के लिए यह संदेश है कि मेहनत और प्रदर्शन से आप अपने आदर्शों का सम्मान पा सकते हैं।
और क्रिकेट प्रेमियों के लिए यह याद दिलाने वाला पल है कि खेल की असली जीत मैदान के बाहर भी होती है।
