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“14 नंबर में अब कई गोल छुपे हैं” — Viktor Gyökeres की जीत के पीछे एक नए आरम्भ की तैयारी

Arsenal FC ने Atlético Madrid को चैंपियंस लीग में 4-0 से धूल चटाई, और इस जीत के साथ स्वीडिश स्ट्राइकर ने नौ मैच की गोलप्रीति समाप्त की।

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Gyökeres ने 14 शर्ट में गोल कर तोड़ी सूखी पटरी, Arsenal को चैंपियंस लीग में मिली शानदार जीत
Gyöकरेस ने 14 नंबर की शर्ट में गोल करने के बाद टीम के साथ जश्न मनाया—फील्ड पर आत्मविश्वास की वापसी का पल।

लंदन — जब आपकी पीठ पर विंटर की ठंड होती है और स्कोरशीट पर नाम नहीं मिलता, तो आत्मविश्वास धीरे-धीरे बिछड़ने लगता है। ऐसे ही एक वक्त था जब Arsenal के नए स्ट्राइकर Viktor Gyökeres के लिए ‘गोल नहीं हो रहे’ की चिंताएँ बढ़ रही थीं। लेकिन मंगलवार की रात, Emirates Stadium में Atlético Madrid के खिलाफ 4-0 की जीत ने सिर्फ स्कोर बदल नहीं दिया, बल्कि Gyökeres की मानसिकता को नई दिशा दी।

14 नंबर और इतिहास

Gyökeres ने उस वक़्त बड़ा फैसला किया, जब उन्होंने क्लब के आइकन Thierry Henry द्वारा पहनी गयी प्रसिद्ध 14 शर्ट को अपनाया था। उन्होंने कहा था:

“इस क्लब के इतिहास को मैं जानता हूँ … लेकिन मेरा मकसद सिर्फ उनकी नक़ल करना नहीं, बल्कि अपनी कहानी लिखना है।”
और अब उन्होंने खुद कह दिया है:
“Honestly, there are a lot of goals in this shirt.”
यह कह कर उन्होंने दर्शा दिया कि वो केवल संख्या नहीं पहनना चाहते थे – उस संख्या में उम्मीदें भी थीं।

जीत की रात और गोलों का पल

मैच के 57वें मिनट में Gabriel Magalhães ने गोल किया, फिर Gabriel Martinelli ने 64वें मिनट में बढ़त बनाई। उसके बाद लगभग तीन-चार मिनटों के अंदर Gyökeres ने दो गोल कर अपनी लंबी श्रुष्टि समाप्त की।
कोच Mikel Arteta ने कहा:

“वह हमें एक बेहतर टीम बनाता है… जिस तरह से वह गेंद को दबाता है, पकड़ता है, वह अद्भुत है।”

इस तरह Gyökeres की सिर्फ गोल करने की कहानी नहीं है — यह टीम को नया आयाम देने की कहानी है।

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उदाहरण: “गोल-रोधी पिछड़ापन” से “विश्वास का विस्तार”

याद कीजिए जब किसी छात्र को लगातार चार-पांच टेस्ट में कम नंबर मिलते हैं। उसके अंदर सवाल उठता है—क्या मैं सही राह पर हूँ? हाई-स्कूल में मेरे एक मित्र ने पाँचवीं कक्षा में लगातार फेल हुआ था। लेकिन जब उसने तय कर लिया कि “गलती से सीखूंगा, हारने से डरूंगा नहीं”, तो अगले साल उसने टॉपर बन गया।
ठीक उसी तरह Gyökeres ने अपने “गोल नहीं मिले” वक़्त को बस सीखने का अवसर माना, और आज उसने एक नए उत्साह के साथ प्रतिक्रिया दी।

आगे क्या?

यह जीत एक शुरुआत है, लेकिन अब असली काम शुरू होता है। गनर्स ने अपनी रक्षा में भी सराहनीय काम किया — चैंपियंस लीग में अब तक सिर्फ तीन गोल खाए हैं।
Gyökeres ने कहा है:

“हम ट्रॉफी जीतना चाहते हैं… और मैं योगदान करना चाहता हूँ और गोल करना चाहता हूँ।”
यानी, उन्हें सिर्फ व्यक्तिगत सफलता नहीं चाहिए, बल्कि टीम के लिए बड़ी उपलब्धि चाहिए।

अगर हम नए उदाहरण लें — जैसे एक कार्यालय कर्मचारी जो लंबे समय से प्रमोशन के लिए प्रयास कर रहा हो। एक दिन उसे बड़ी परियोजना दी जाती है, वह उसे सफलतापूर्वक संपन्न करता है और संशोधन के बाद बॉस कहता है- “यही वो दिन था, जब तुमने भरोसा वापस पाया।” ठीक ऐसा ही Gyökeres के साथ हुआ।

अधिक अपडेट के लिए http://www.dainikdiary.com

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